यह प्रोटोकॉल उन यूवियल मेलेनोमा रोगियों पर लागू होता है जिनमें बड़ा ट्यूमर पाया गया हो, या जिनमें एक्स्ट्रास्क्लेरल एक्सटेंशन हो — ये विशेषताएँ एक विशिष्ट शल्य-चिकित्सा और ऑन्कोलॉजिकल स्थिति को परिभाषित करती हैं, जिसके लिए विशेष प्रबंधन निर्णयों की आवश्यकता होती है।
बड़े यूवियल मेलेनोमा ट्यूमर और उन ट्यूमर के लिए एनुक्लीएशन का संकेत दिया जाता है जहाँ रोग श्वेतपटल (स्क्लेरा) से परे फैल गया हो। इन मामलों में शल्य-चिकित्सा का दृष्टिकोण छोटे घावों में उपयोग की जाने वाली नेत्र-संरक्षण रणनीतियों से भिन्न होता है।
प्रबंधन में एक शल्य-चिकित्सा हस्तक्षेप शामिल है, और उन रोगियों के लिए जिनमें सर्जरी के बाद स्थानीय पुनरावृत्ति का उच्च जोखिम पहचाना गया हो, एक सहायक विकिरण-आधारित दृष्टिकोण को शामिल किया जा सकता है। पूर्ण पात्रता मानदंड, अनुक्रम, और सभी सहायक विकल्प संरचित प्रोटोकॉल में उपलब्ध हैं।
DOI: 10.1016/j.esmoop.2026.106888