वयस्कों में अव्यक्त ऑटोइम्यून मधुमेह का उपचार: अवशिष्ट बीटा-सेल कार्य को बनाए रखना

वयस्कों में अव्यक्त ऑटोइम्यून मधुमेह (LADA) की विशेषता वयस्क अवस्था में प्रगतिशील ऑटोइम्यून बीटा-सेल क्षति है। एक महत्वपूर्ण नैदानिक अवसर वह अवधि है जिसमें अवशिष्ट इंसुलिन स्राव अभी भी मापनीय रहता है — इसे संरक्षित करना ही केंद्रीय चिकित्सीय उद्देश्य बन जाता है।

नैदानिक लक्ष्य

अवशिष्ट बीटा-सेल कार्य का रखरखाव, जो संरक्षित सीरम C-पेप्टाइड स्राव द्वारा परिलक्षित होता है।

उपचार दृष्टिकोण — आंशिक अवलोकन

साक्ष्य इंसुलिन के साथ इन्क्रेटिन-आधारित एजेंटों के एक विशिष्ट वर्ग के ऐड-ऑन थेरेपी का समर्थन करते हैं; अधिक स्पष्ट इंसुलिन-प्रतिरोधी लक्षणों वाले रोगियों में इंसुलिन सेंसिटाइज़र पर भी विचार किया जा सकता है। पूर्ण चयन मानदंड, एजेंट विकल्प और अनुक्रमण पूर्ण प्रोटोकॉल में दिए गए हैं।

संरचित साक्ष्य-आधारित पद्धतियों तक तत्काल पहुँच

References

DOI: 10.4093/dmj.2018.0190 View source ↗