हाइड्रेम्नियोस या श्वासनली अवरोध से जुड़े बड़े भ्रूण गलगंड के साथ भ्रूण हाइपोथायरायडिज्म में जन्मजात आयोडीन की कमी का उपचार

यह प्रोटोकॉल एक विशिष्ट प्रसवपूर्व परिदृश्य को कवर करता है जिसमें जन्मजात आयोडीन की कमी भ्रूण हाइपोथायरायडिज्म के रूप में बड़े भ्रूण गलगंड के साथ प्रकट होती है, जबकि गर्भवती महिला स्वयं यूथायरॉइड होती है। जब गलगंड हाइड्रेम्नियोस और/या श्वासनली अवरोध से जटिल हो जाता है, तो लक्षित भ्रूण हस्तक्षेप आवश्यक है।

नैदानिक परिदृश्य: एक यूथायरॉइड गर्भवती महिला हाइपोथायरायडिज्म और बड़े गलगंड वाले भ्रूण को वहन करती है। गलगंड हाइड्रेम्नियोस और/या श्वासनली अवरोध से जुड़ा है। चूँकि माँ हाइपोथायरॉइड नहीं है, इसलिए उपचार माँ के बजाय भ्रूण पर निर्देशित किया जाता है।
उपचार दृष्टिकोण: प्रबंधन में एक बहु-विषयक विशेषज्ञ टीम द्वारा किया गया सीधा भ्रूण हस्तक्षेप शामिल है। हस्तक्षेप गलगंड के आकार को कम करने के लक्ष्य के साथ भ्रूण की थायरॉइड ग्रंथि को लक्षित करता है। पूर्ण उपचार नियम — विशिष्ट एजेंट, खुराक, मार्ग और अनुसूची सहित — पूर्ण संरचित प्रोटोकॉल में विस्तृत है।
संरचित साक्ष्य-आधारित उपचार नियमों तक तत्काल पहुँच

References

DOI: 10.1089/thy.2020.0333

We strongly recommend fetal treatment by intra-amniotic LT4 injections in a euthyroid pregnant woman with a large fetal goiter associated with hydramnios and/or tracheal occlusion; in a hypothyroid pregnant woman, we recommend to treat the woman (rather the fetus) with LT4.

For goitrous nonimmune fetal hypothyroidism leading to hydramnios, we recommend intra-amniotic injections of LT4 to decrease the size of the fetal thyroid gland.

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